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सचेतन- 7: आत्मा – चेतना का आधार

🕉️ उपनिषदों के अनुसार ब्रह्म को जानना: 🌟 ब्रह्म को जानने का परिणाम: 📖 एक सरल उदाहरण: जैसे समुद्र की लहरें समुद्र से अलग नहीं होतीं, वैसे ही आत्मा ब्रह्म से अलग नहीं है।ब्रह्म को जानना = यह जानना कि मैं लहर नहीं, मैं स्वयं समुद्र हूँ। 1. अहं ब्रह्मास्मि (Aham Brahmasmi) – मैं ब्रह्म […]

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सचेतन 3.05 : नाद योग: नाद बिंदु उपनिषद

नाद बिंदु : ऋग्वेद का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है  नमस्कार! हमारे विशेष नाद योग (योग विद्या) पर सचेतन के इस विचार के सत्र  में स्वागत है। आज हम चर्चा करेंगे नाद बिंदु उपनिषद के बारे में, जो ऋग्वेद का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस उपनिषद में नाद योग के गूढ़ रहस्यों और ध्वनि के महत्व […]